नरसिंहपुर।
बाल मजदूरी करवाना अपराध है। परन्तु ये हमारे समाज का दुर्भाग्य ही कहेंगे, की आज भी चाय की दुकान, कबाड़ी वाले वाहन सुधारने वालों के पास ऐसे कई बच्चे काम करते हुए देखे जा सकते हैं। मासूम बच्चे अपना बचपन खोकर पेट की आग को बुझाने के लिए काम करने को मजबुर है। शासन की मंशा से विपरीत योजनाओं का लाभ आम जनता को नहीं मिल पाता है। बच्चों के विकास के लिए योजनाएं तो बहुत है परन्तु अधिकारी बिना लेन देन के कुछ भी करने को तैयार नहीं होते हैं।